8 साल के बच्चे के साथ रेप, करंट लगाकर हत्या की; पकड़े जाने के डर से आरोपी ने खुदकुशी कीDainik Bhaskar


यहां के नीलगंगा इलाके में नशेड़ी किराएदार ने अपने मकान मालिक के 8 साल के बेटे को अगवा कर लिया। उसके साथ रेप करने के बाद उसका मुंह दबाया और पानी गर्म करने वाली रॉड (इमर्शन रॉड) से करंट लगाकर बच्चे की हत्या कर दी। शव को बिस्तर में लपेटकर छिपा दिया। परिजन और पुलिस के साथ तीन घंटे तक आरोपी बच्चे की खोजबीन में भी लगा रहा। सुबह होते ही घर से फरार हो गया और पेड़ पर फंदा डालकर खुदकुशी कर ली।

न्यू इंदिरानगर निवासी दिव्यांग मुकेश प्रजापत का बेटा कान्हा उर्फ कृष्णा सोमवार शाम करीब 6 बजे के घर के आंगन में बच्चों के साथ गरबा खेल रहा था। किराएदार सुनील (25) उसे बहाने से कमरे में बुलाया और नशे की हालत में दुष्कर्म करने के बाद मार डाला।

रातभर एडिशनल एसपी अमरेंद्र सिंह चौहान और परिजन बालक की तलाश में जुटे रहे। मंगलवार सुबह किराएदार के कमरे से बालक का शव मिलते ही आईजी राकेश गुप्ता, डीआईजी मनीष कपूरिया, एसपी सत्येंद्र कुमार शुक्ला घटनास्थल पर पहुंचे। आईजी ने खुद आरोपी के कमरे की तलाशी ली। पानी गर्म करने की रॉड जब्त कराई। एफएसएल अधिकारी डॉ. प्रीति गायकवाड़ ने घटनास्थल से आरोपी के कपड़े जब्त किए। डीएनए के लिए सैंपल भी लिया गया।

अन्य किराएदारों ने कहा- तीन दिन से काम पर नहीं जा रहा था आरोपी
घटनास्थल पर एडिशनल एसपी रूपेश द्विवेदी ने मकान मालिक मुकेश और उसकी पत्नी कंचन समेत वहां रहने वाले अन्य किराएदारों से जानकारी ली। आरोपी सुनील को लेकर पड़ोस में रहने वाली महिला ने बताया कि रात आठ बजे घर आने के बाद मुझे कान्हा के लापता होने का पता चला तो खोजबीन में लग गए। हमारे साथ सुनील भी था। रात में वह कमरे में जाकर सो गया, इसलिए कोई शक नहीं हुआ। उसके कमरे से कोई आवाज भी नहीं आई। तीन दिन से वह काम पर भी नहीं जा रहा था। मकान मालिक के चार बच्चे हैं, जिसमें दो लड़की है। दूसरी कक्षा में पढ़ने वाला कान्हा सबसे बड़ा था।

आरोपी सुनील खाचरौद का रहने वाला था।

आत्महत्या से पहले आरोपी ने शराब पी
आरोपी सुनील मिस्त्री का काम करता था। नशे की आदत के चलते ही घरवालों ने उसे निकाल दिया था। दो साल पहले वह न्यू इंदिरानगर में रहने वाले दिव्यांग मुकेश प्रजापति के यहां किराए से रहने आया था। उसने मुकेश के परिवार से अच्छा मेलजोल बढ़ा लिया। अक्सर उनकी किराना दुकान पर बैठता था।

घर पर टीवी देखने के बहाने आ जाता। इसी कारण उनसे कान्हा घुलमिल गया था। बच्चा उसके कमरे पर भी खेलने चला जाता था। हत्या के बाद फरार सुनील ने मंगलवार को भैरवगढ़ इलाके में जाकर शराब पी। उसकी लोकेशन ट्रेस करते हुए साइबर सेल टीम वहां पहुंची।

यहां कुछ मजदूरों ने उसकी फोटो देखकर बताया कि वह अभी शराब पीकर गया है। मोबाइल लोकेशन की मदद से पुलिस दोपहर में अंबोदिया इलाके में पहुंची, जहां जंगल में पेड़ पर उसका शव फंदे पर लटका मिला। एडिशनल एसपी अमरेंद्र सिंह चौहान ने बताया डॉक्टरों ने बालक के साथ रेप की पुष्टि की है। ऐसा लग रह है कि आरोपी ने घटना के बाद ग्लानि के चलते आत्महत्या कर ली।

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बच्चे के मारे जाने के बात परिवार में मातम पसरा है। लोग उन्हें ढांढस बंधा रहे हैं।

यहां के नीलगंगा इलाके में नशेड़ी किराएदार ने अपने मकान मालिक के 8 साल के बेटे को अगवा कर लिया। उसके साथ रेप करने के बाद उसका मुंह दबाया और पानी गर्म करने वाली रॉड (इमर्शन रॉड) से करंट लगाकर बच्चे की हत्या कर दी। शव को बिस्तर में लपेटकर छिपा दिया। परिजन और पुलिस के साथ तीन घंटे तक आरोपी बच्चे की खोजबीन में भी लगा रहा। सुबह होते ही घर से फरार हो गया और पेड़ पर फंदा डालकर खुदकुशी कर ली। न्यू इंदिरानगर निवासी दिव्यांग मुकेश प्रजापत का बेटा कान्हा उर्फ कृष्णा सोमवार शाम करीब 6 बजे के घर के आंगन में बच्चों के साथ गरबा खेल रहा था। किराएदार सुनील (25) उसे बहाने से कमरे में बुलाया और नशे की हालत में दुष्कर्म करने के बाद मार डाला। रातभर एडिशनल एसपी अमरेंद्र सिंह चौहान और परिजन बालक की तलाश में जुटे रहे। मंगलवार सुबह किराएदार के कमरे से बालक का शव मिलते ही आईजी राकेश गुप्ता, डीआईजी मनीष कपूरिया, एसपी सत्येंद्र कुमार शुक्ला घटनास्थल पर पहुंचे। आईजी ने खुद आरोपी के कमरे की तलाशी ली। पानी गर्म करने की रॉड जब्त कराई। एफएसएल अधिकारी डॉ. प्रीति गायकवाड़ ने घटनास्थल से आरोपी के कपड़े जब्त किए। डीएनए के लिए सैंपल भी लिया गया। अन्य किराएदारों ने कहा- तीन दिन से काम पर नहीं जा रहा था आरोपी घटनास्थल पर एडिशनल एसपी रूपेश द्विवेदी ने मकान मालिक मुकेश और उसकी पत्नी कंचन समेत वहां रहने वाले अन्य किराएदारों से जानकारी ली। आरोपी सुनील को लेकर पड़ोस में रहने वाली महिला ने बताया कि रात आठ बजे घर आने के बाद मुझे कान्हा के लापता होने का पता चला तो खोजबीन में लग गए। हमारे साथ सुनील भी था। रात में वह कमरे में जाकर सो गया, इसलिए कोई शक नहीं हुआ। उसके कमरे से कोई आवाज भी नहीं आई। तीन दिन से वह काम पर भी नहीं जा रहा था। मकान मालिक के चार बच्चे हैं, जिसमें दो लड़की है। दूसरी कक्षा में पढ़ने वाला कान्हा सबसे बड़ा था। आरोपी सुनील खाचरौद का रहने वाला था।आत्महत्या से पहले आरोपी ने शराब पी आरोपी सुनील मिस्त्री का काम करता था। नशे की आदत के चलते ही घरवालों ने उसे निकाल दिया था। दो साल पहले वह न्यू इंदिरानगर में रहने वाले दिव्यांग मुकेश प्रजापति के यहां किराए से रहने आया था। उसने मुकेश के परिवार से अच्छा मेलजोल बढ़ा लिया। अक्सर उनकी किराना दुकान पर बैठता था। घर पर टीवी देखने के बहाने आ जाता। इसी कारण उनसे कान्हा घुलमिल गया था। बच्चा उसके कमरे पर भी खेलने चला जाता था। हत्या के बाद फरार सुनील ने मंगलवार को भैरवगढ़ इलाके में जाकर शराब पी। उसकी लोकेशन ट्रेस करते हुए साइबर सेल टीम वहां पहुंची। यहां कुछ मजदूरों ने उसकी फोटो देखकर बताया कि वह अभी शराब पीकर गया है। मोबाइल लोकेशन की मदद से पुलिस दोपहर में अंबोदिया इलाके में पहुंची, जहां जंगल में पेड़ पर उसका शव फंदे पर लटका मिला। एडिशनल एसपी अमरेंद्र सिंह चौहान ने बताया डॉक्टरों ने बालक के साथ रेप की पुष्टि की है। ऐसा लग रह है कि आरोपी ने घटना के बाद ग्लानि के चलते आत्महत्या कर ली। आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें

बच्चे के मारे जाने के बात परिवार में मातम पसरा है। लोग उन्हें ढांढस बंधा रहे हैं।Read More

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